driving

हमारे पास गाड़ी पहले आ जाती है और उसे चलाना हम बाद में सीखते हैं। जिससे दुर्घटनाओं के मौके बढ़ जाते हैं। इसके अलावा हमारे उत्तर प्रदेश में वाहनों की संख्या में काफी इजाफा हुआ है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए प्रदेश सरकार ने ड्राइविंग ट्रेनिंग एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट बनाने का फैसला लिया है। जिससे आम लोगों को ड्राइविंग की अच्छी ट्रेनिंग मिल सके और प्रदेश को दुर्घटना मुक्त बनाया जा सके। इसके लिए प्रदेश की अखिलेश सरकार ने झांसी में ‘मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट’ बनाने के लिए तीन करोड़ रुपये जारी किये हैं। इसका निर्माण यूपी प्रोजेक्ट कार्पोरेशन को सौंप दिया गया है।

इस इंस्टीटूट में ड्राइविंग के अलावा लोगों को यातायात के नियमों की जानकारी भी दी जाएगी। जिससे लोगों को वाहन चलाने का सही ज्ञान हो। इस इंस्टीटूट को बनाने के लिए ग्वालियर रोड पर अंबावाय के पास परिवहन विभाग को लगभग साढ़े छह हेक्टेअर जमीन आवंटित की गई है। जहाँ मोटर ड्राइविंग ट्रैक बनाया जाएगा। इसमें घुमावदार सड़कें, तिराहे, चौराहे, स्पीड ब्रेकर, सिग्नल लाइट आदि समेत वह सभी चीजें होंगी। जिससे वाहन चालकों को सड़क पर दो चार होना पड़ता है। इंस्टीट्यूट में लोगों को वाहन चलाना सिखाया जाएगा। इसके बाद परीक्षा होगी, जिसमें पास होने के बाद ही ड्राइविंग लाइसेंस जारी किया जाएगा।

सड़क दुर्घटना को रोकने के लिए प्रदेश सरकार की इस योजना से आमजनों को काफी फायदा होगा। साथ ही इस बात से अंदाजा लगाया जा सकता है कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव किस तरह से आम जनता के बारे में सोचते हैं। कुल मिलाकर सरकार का ये कदम सड़क दुर्घटना रोकने में अहम साबित होगा।